कोरबा: 15 फरवरी से कनकेश्वर धाम महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर होगा भव्य ‘कनकी मेला।
रुपेश महंत जिला ब्यूरो कोरबा: 15 फरवरी से कनकेश्वर धाम महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर होगा भव्य ‘कनकी मेला।
छत्तीसगढ़:- कोरबा जिले के हसदेव नदी के पावन तट पर बसे ग्राम कनकी की भूमि एक बार फिर भक्ति और परंपरा के महापर्व की साक्षी बनने जा रही है। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी 15 फरवरी से स्वयंभू भुइँफोड़ कनकेश्वर महादेव धाम में भव्य मेले का आयोजन प्रारंभ होने जा रहा है। जो कि 21 फरवरी तक यह मेला का आयोजन होगा। महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर यहाँ हजारों श्रद्धालुओं के जुटने की संभावना है।
आस्था का केंद्र: स्वयंभू भुइँफोड़ महादेव।
प्रकृति की गोद में स्थित कनकेश्वर महादेव का शिवलिंग स्वयं धरती से प्रकट हुआ है, जिसके कारण इन्हें ‘भुइँफोड़ महादेव’ कहा जाता है। मान्यता है कि यहाँ श्रद्धा से की गई पूजा से भोले भंडारी हर मनोकामना पूर्ण करते हैं। यही कारण है कि न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि अन्य राज्यों से भी शिवभक्त यहाँ खिंचे चले आते हैं।
15 फरवरी महाशिवरात्रि के पावन पर्व से यह पारंपरिक मेला पूरे एक सप्ताह तक चलेगा।
महाशिवरात्रि की रात विशेष जलाभिषेक, रुद्राभिषेक और भव्य आरती का आयोजन होगा। यह मेला ग्रामीण जीवन, लोकसंस्कृति और सामाजिक एकता का जीवंत प्रतीक है।
युवा संगठन कनकेश्वर सेवा समिति एवं समस्त ग्रामवासियों ने प्रदेश के श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पधारकर महादेव का आशीर्वाद प्राप्त करें और इस आयोजन को ऐतिहासिक बनाएं।
“हसदेव का पावन तट और शिव की भक्ति, कनकी धाम में दिखेगी सनातन की शक्ति।”
