पीएम श्री स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी/हिन्दी माध्यम विद्यालय तिलकेजा में रचनात्मक गतिविधियों से निखरी बच्चों की प्रतिभा, समर कैंप संपन्न।

पीएम श्री स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी/हिन्दी माध्यम विद्यालय तिलकेजा में रचनात्मक गतिविधियों से निखरी बच्चों की प्रतिभा, समर कैंप संपन्न।
कमलेश कुर्रे विधानसभा रिपोर्टर रामपुर:
छत्तीसगढ़ /कोरबा पीएम श्री स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी एवं हिंदी माध्यम विद्यालय तिलकेजा में 1 जून से 15 जून 2026 तक आयोजित 15 दिवसीय समर कैंप का सफलतापूर्वक समापन किया गया। समर कैंप के दौरान बच्चों ने उत्साहपूर्वक विभिन्न शैक्षणिक, रचनात्मक एवं मनोरंजक गतिविधियों में भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
समर कैंप में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखते हुए ड्राइंग एवं पेंटिंग, कला एवं शिल्प, क्ले मॉडलिंग, योग एवं शारीरिक गतिविधियां, संगीत एवं नृत्य, खेल एवं आउटडोर गतिविधियां, सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता, करियर मार्गदर्शन, पर्यावरण जागरूकता तथा व्यक्तित्व विकास जैसी विविध गतिविधियों का आयोजन किया गया। साथ ही बच्चों को प्रतिदिन पौष्टिक नाश्ता भी प्रदान किया गया।
समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में एसएमडीसी अध्यक्ष किशन साव उपस्थित रहे। वहीं एसएमडीसी सदस्य राम निरंजन जायसवाल ने भी कार्यक्रम में अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई। अतिथियों ने बच्चों द्वारा प्रदर्शित प्रतिभाओं की सराहना करते हुए ऐसे आयोजनों को बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताया।
विद्यालय के प्राचार्य एम. आर. श्रीवास के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में आर. के. पटवा, रामकृष्ण जायसवाल, केदारनाथ जायसवाल, श्रीमती ललिता पटेल ममता मन्नेवार एवं प्राची पाण्डेय सहित विद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
समर कैंप के सफल संचालन में विद्यालय के हिंदी एवं अंग्रेजी माध्यम के समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं का महत्वपूर्ण योगदान रहा। कार्यक्रम के दौरान बच्चों द्वारा तैयार की गई विभिन्न कलाकृतियों, हस्तशिल्प सामग्री एवं रचनात्मक गतिविधियों का प्रदर्शन भी किया गया, जिसकी सभी अतिथियों एवं अभिभावकों ने सराहना की।
समापन अवसर पर विद्यालय परिवार ने सभी प्रतिभागी बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। “सीखें, खेलें, रचनात्मक बनें” थीम पर आधारित यह समर कैंप बच्चों के लिए ज्ञानवर्धक, मनोरंजक एवं प्रेरणादायक साबित हुआ।

